मानवेन्द्र सिंह को समर्थन देने पर राजपूत संगठनों में नहीं बनी सहमति

राजस्थान विधानसभा चुनाव 2018 में जो सीटें सबसे ज्यादा चर्चा में है, उनमें झालरापाटन की सीट भी शामिल है. झालावाड़ जिले में आने वाली इस सीट पर मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे और पूर्व केंद्रीय मंत्री जसवंत सिंह के बेटे मानवेन्द्र सिंह के बीच सीधा मुकाबला है जो कि कुछ समय पहले ही भाजपा छोड़कर कांग्रेस में शामिल हुए है. इस सीट पर राजपूत वोट बैंक काफी समय से भाजपा के पक्ष में रहा है और अब कांग्रेस उन्हें अपनी तरफ करने की कोशिश कर रही है लेकिन चुनाव से के दिन पहले मानवेन्द्र को समर्थन देने पर राजपूत संगठनों में मतभेद सामने आये है.

बुधवार को हुई राजपूत करनी सेना की बैठक में संरक्षक लोकेन्द्र कालवी ने कहा है कि जो हमारी बात नहीं मानेगा, वो प्रदेश पर राज भी नहीं करेगा. उन्होंने झालावाड़ के लोगों से अपील की है कि वह भी भाजपा के खिलाफ वोट देकर उन्हें सत्ता से बाहर का रास्ता दिखाए. उन्होंने राजपूतों के साथ अन्य वर्गों से भी भाजपा के खिलाफ वोट करने के लिए कहा. उन्होंने झालरापाटन में समाज के लोगों से मानवेन्द्र को वोट देने के लिए कहा.

वहीं श्री करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुखदेवसिंह गोगामेड़ी ने कहा कि मानवेन्द्र सिंह झालरापाटन में स्वाभिमान के नाम पर लोगों को ठगने के लिए आये है. उन्होंने मानवेन्द्र सिंह पर निशाना साधते हुए कहा कि जब केंद्र सरकार ने उनके पिता का टिकट काटा था, उस समय उनका स्वाभिमान कहाँ गया था. उसके बाद भी मानवेन्द्र भाजपा सरकार में 4 साल तक विधायक बने रहे.

इसी के साथ सुखदेव सिंह गोगामेड़ी ने कालवी की आलोचना करते हुए राजपूत आरक्षण और पद्मावती मुद्दे पर राजे सरकार की तारीफ भी की और कहा कि उन्होंने समाज की बेटी होने का फर्ज निभाया है.