सोशल मीडिया बन रहा युवाओं की आवाज, जिम्मेदारों तक बात पहुंचाने का बना जरिया

वर्तमान समय में सोशल मीडिया की उपयोगिता लगातार बढ़ती जा रही है. हर वर्ग आज सोशल मीडिया का इस्तेमाल अपनी बात रखने के साथ ही अपनी बात को जिम्मेदार लोगों तक पहुंचाने के लिए काम में ले रहा है. लेकिन ये सोशल मीडिया आज के समय में युवाओं की सबसे बड़ी आवाज बनता जा रहा है. युवाओं को जब अपनी बात सरकार,मंत्रियों या अधिकारियों तक पहुंचानी होती है तो युवा बेरोजगार सोशल मीडिया का सहारा ले रहे हैं. 

दो मांगों को लेकर युवाओं ने उठाई मांग

स्कूल व्याख्याता भर्ती का परिणाम जारी करवाने और तृतीय श्रेणी शिक्षक भर्ती में पदों की संख्या को बढ़ाने की मांग को लेकर इस समय सोशल मीडिया पर प्रदेश के युवा जबरदस्त सक्रिय है. दोनों ही मांग को लेकर जो हैशटैग युवाओं ने चलाया है वो इस समय इंडिया ट्रेंड कर रहे हैं. 

स्कूल व्याख्याता परिणाम जारी करवाने की मांग

11 अक्टूबर से 21 अक्टूबर 2022 तक 6 हजार पदों पर आयोजित हुई स्कूल व्याख्याता भर्ती का परिणाम जारी करवाने की मांग को लेकर पिछले लम्बे समय से प्रदेश के युवा आवाज उठा रहे हैं. लेकिन आरपीएससी और जिम्मेदार लोगों की ओर से कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिलने चलते अब युवाओं ने सोशल मीडिया को सहारा बनाया है. इस समय  #RPSC_व्याख्याता_परिणाम_दो हैशटैग काफी ट्रेंड कर रहा है. इसके साथ ही आरपीएससी को लेकर अन्य हैशटैग भी युवा बेरोजगारों द्वारा किए जा रहे हैं.

तृतीय श्रेणी अध्यापक भर्ती में पद बढ़ाने की मांग

इसके साथ ही 25 फरवरी से 1 मार्च तक 48 हजार पदों पर आयोजित हुई तृतीय श्रेणी शिक्षक भर्ती परीक्षा में पदों की संख्या 48 हजार से बढ़ाकर 60 हजार करने की मांग भी तेज होने लगी है. राजस्थान के युवा बेरोजगारों ने इस समय #अध्यापक_पद_60k_करो हैशटैग के साथ अपनी बात सरकार तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है. शिक्षा विभाग की ओर से आयोजित तृतीय श्रेणी शिक्षक भर्ती में लेवल-1 के 21 हजार पदों पर और लेवल-2 के 27 हजार पदों पर भर्ती की जा रही है. साथ ही चुनावी साल में पदों की संख्या 48 हजार से बढ़ाकर 60 हजार करने की सरकार से मांग की जा रही है.

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