पंचायती राज के JTA संविदा सेवा नियम 2022 का विरोध, विरोध के चलते आज से सामूहिक अवकाश का ऐलान

पंचायती राज के JTA (विशेष तौर से जो नॉन सिविल हैं) संविदा सेवा नियम 2022 का विरोध लगातार बढ़ता जा रहा है. इसी विरोध के चलते आज से सामूहिक अवकाश पर जाने की घोषणा की गई है. अपनी 3 सूत्री मांगों को लेकर चले आ रहे आंदोलन में मांगों पर कोई सुनवाई नहीं होने के चलते सामूहिक अवकाश पर जाने का फैसला लिया है. 

संविदा सेवा नियमों में इन संशोधन की मांग को लेकर आंदोलन

1- 2008 और 2011 वाली भर्ती में ओनली फॉर डिग्री डिप्लोमा ही मांगा था जिसमें सभी इलेक्ट्रिकल मैकेनिकल सिविल सभी ब्रांच के विद्यार्थी शामिल हुए थे. जो आज भी कार्य कर रहे हैं. जिसमें नॉन सिविल JTA है उनको इस नियम में शामिल किया जाए
2- अगर भविष्य में पंचायत राज जेईएन की नियमित भर्ती होती है तो उसमें इनको मिलने वाला बोनस अंक 10, 20 ,30 देने का प्रावधान किया जाए
3- उम्र एवं संतान संबंधित प्रावधानों में संशोधन किया जाए

संविदा सेवा नियम 2022 से इनको होने वाला नुकसान

1- अगर संविदा सेवा नियम 2022 में शामिल हो गऐ तो कभी नियमित भर्ती की मांग नहीं कर सकते और ना ही इनको बोनस अंक मिलेगा
2- महत्वपूर्ण बिंदु संविदा सेवा नियम 2022 में केवल सिविल जेटीए ही शामिल होंगे नॉन सिविल जीटीए को बाहर किया जाएगा
3- इस नियम में शामिल होने के बाद इनको मिलने वाला बोनस अंक समाप्त कर दिया जाएंगे
4- वर्तमान में लगभग 1500 JTA कार्यरत हैं जिनमें से 800 के लगभग सिविल वाले हैं बाकी इन्हीं को शामिल किया जाएगा बाकी सब बाहर होंगे

मांग को लेकर मंत्री, अधिकारियों से लगाई जा चुकी है गुहार

अपनी मांग को लेकर लम्बे समय से आंदोलन कर रहे लोगों ने कई बार मंत्री और अधिकारियों तक भी गुहार लगा दी है. लेकिन अभी कोई समाधान नहीं होने के चलते सामूहिक अवकाश पर जाने का फैसला लिया गया. इसके साथ ही अगर आने वाले समय में समस्या समाधान नहीं होने पर और बड़े आंदोलन की चेतावनी दी गई है

Related articles

Comments

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

follow on google news

spot_img

Share article

spot_img

Latest articles

Newsletter

Subscribe to stay updated.